जिले में शिक्षकों के समायोजन को लेकर विरोध प्रदर्शन हुआ है। बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) कार्यालय पर 117 शिक्षकों ने प्रदर्शन करते हुए समायोजन आदेशों को निरस्त करने की मांग की। शिक्षकों का आरोप है कि बिना किसी नियम के किए गए इन समायोजनों से न केवल शिक्षक परेशान हैं, बल्कि छात्रों की पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है। प्रदर्शन के बाद शिक्षकों ने जिलाधिकारी (DM) और बीएसए को ज्ञापन सौंपा। प्रदर्शनकारी शिक्षकों ने आरोप लगाया कि बीएसए कार्यालय द्वारा समायोजन प्रक्रिया को बिना किसी स्पष्ट नियम और मानक के लागू किया गया है। उनका कहना है कि यह प्रक्रिया पूरी तरह से अनुचित है और मनमाने ढंग से की गई है। शिक्षकों ने बताया कि कई विद्यालयों में जिस विषय का केवल एक ही शिक्षक कार्यरत था, उसका भी समायोजन कर दिया गया है। इससे संबंधित विद्यालयों में उस विषय की पढ़ाई पूरी तरह से बाधित हो रही है। शिक्षकों ने चेतावनी दी कि यदि यह नीति वापस नहीं ली गई, तो छात्रों के शैक्षणिक भविष्य पर गंभीर असर पड़ेगा। शिक्षकों के अनुसार, समायोजन के कारण उन्हें दूर-दराज के विद्यालयों में स्थानांतरित किया जा रहा है, जिससे उन्हें पारिवारिक और शैक्षणिक दोनों तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। शिक्षकों ने मांग की है कि समायोजन से पहले छात्र संख्या, विषयवार शिक्षकों की उपलब्धता और विद्यालय की वास्तविक जरूरतों का उचित आकलन किया जाना चाहिए। शिक्षकों ने प्रशासन से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और तत्काल प्रभाव से समायोजन आदेशों को निरस्त करने की मांग की है। इस प्रदर्शन के संबंध में बेसिक शिक्षा अधिकारी कल्पना देवी ने फिलहाल कोई भी बयान देने से इनकार कर दिया है। शिक्षकों ने स्पष्ट किया है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द विचार नहीं किया गया, तो वे भविष्य में और बड़े आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।
https://ift.tt/B1l32d0
🔗 Source:
Visit Original Article
📰 Curated by:
DNI News Live

Leave a Reply