हरदोई जनपद की हरियावा चीनी मिल से निकले दूषित पानी के कारण ग्राम अरूआ में एक निजी तालाब की हजारों मछलियां मर गईं। इस घटना से मत्स्य पालक किसान को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है, जिसके बाद ग्रामीणों और किसान नेताओं में मिल प्रशासन के खिलाफ गहरा रोष व्याप्त है। ग्राम अरूआ निवासी किसान ज्ञानेंद्र ने अपने तालाब में मत्स्य पालन किया था। सोमवार सुबह जब ज्ञानेंद्र तालाब पर पहुंचे, तो उन्होंने देखा कि तालाब का पानी काला पड़ चुका था और हजारों मछलियां मृत अवस्था में सतह पर तैर रही थीं। घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण और किसान नेता सत्यवीर सिंह रिंकू मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों का आरोप है कि चीनी मिल प्रबंधन चोरी-छिपे मिल का गंदा और केमिकल युक्त पानी किसानों के खेतों और तालाबों में छोड़ रहा है। उनका कहना है कि इससे न केवल जलीय जीव मर रहे हैं, बल्कि कृषि भूमि भी बंजर हो रही है।
किसान नेता सत्यवीर सिंह ने पुलिस और प्रशासन को मामले की सूचना दी। उन्होंने चेतावनी दी कि यह जहरीला पानी आवारा पशुओं और अन्य पालतू जानवरों के लिए भी घातक सिद्ध हो सकता है। किसानों ने प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और जिला प्रशासन से तत्काल संज्ञान लेने, मिल के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने और पीड़ित किसान को उचित मुआवजा देने की मांग की है। किसानों ने यह भी चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही दूषित पानी की निकासी नहीं रोकी गई, तो वे मिल गेट पर बड़ा प्रदर्शन करने के लिए बाध्य होंगे।
https://ift.tt/xbsh9KB
🔗 Source:
Visit Original Article
📰 Curated by:
DNI News Live

Leave a Reply