नववर्ष के पहले दिन बुधवार को विश्वविख्यात शक्तिपीठ देवीपाटन मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। भक्तों ने वर्ष 2026 की सुख-समृद्धि और मंगल कामनाओं के साथ मां पाटेश्वरी का आशीर्वाद लिया। मंदिर परिसर में सुबह से ही भक्तों की लंबी कतारें देखी गईं। दर्शन व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए मंदिर प्रशासन ने महिला एवं पुरुष श्रद्धालुओं के लिए अलग-अलग कतारें लगाई थीं। नववर्ष का पहला दिन होने के कारण बड़ी संख्या में श्रद्धालु अपने परिवार के साथ मंदिर पहुंचे और विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। मां पाटेश्वरी के दर्शन-पूजन के उपरांत भक्तों ने देवीपाटन मंदिर के पीठाधीश्वर से भेंट कर नववर्ष का आशीर्वाद भी प्राप्त किया। इस दौरान पूरे मंदिर परिसर में “जय मां पाटेश्वरी” के जयकारे गूंजते रहे, जिससे वातावरण भक्तिमय हो गया। मां पाटेश्वरी के दर्शन के बाद श्रद्धालुओं ने मंदिर परिसर में स्थित काल भैरव मंदिर में भी दर्शन किए और अपनी मनोकामनाएं मांगीं। ऐसी मान्यता है कि मां के दर्शन के साथ काल भैरव के दर्शन करने से भक्तों की सभी कामनाएं शीघ्र पूर्ण होती हैं। नववर्ष पर उमड़ने वाली संभावित भीड़ को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए थे। सुरक्षा की दृष्टि से मंदिर के सभी प्रवेश द्वारों पर कड़ी जांच व्यवस्था की गई थी। पुलिस और सुरक्षा कर्मियों को तैनात किया गया था, साथ ही सीसीटीवी कैमरों से लगातार निगरानी की जा रही थी। किसी भी प्रकार की अव्यवस्था से बचने के लिए स्वयंसेवकों को भी ड्यूटी पर लगाया गया था। उन्होंने श्रद्धालुओं को कतार में लगने और दर्शन करने में सहयोग किया। मंदिर प्रशासन ने साफ-सफाई, पेयजल, चिकित्सा सुविधा और यातायात प्रबंधन पर भी विशेष ध्यान दिया। श्रद्धालुओं ने मंदिर प्रशासन की इन व्यवस्थाओं की सराहना की। उन्होंने बताया कि बेहतर प्रबंधन के कारण दर्शन सहज और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुए। नववर्ष के पहले दिन मां पाटेश्वरी के दरबार में उमड़ी यह भीड़ आस्था और विश्वास का एक जीवंत उदाहरण प्रस्तुत करती है।
https://ift.tt/fyZ7EGn
🔗 Source:
Visit Original Article
📰 Curated by:
DNI News Live

Leave a Reply