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KGMU-हंगामा करने वाले पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष पर FIR:6 धाराएं लगाई, डॉक्टरों ने हड़ताल पर जाने का अल्टीमेटम दिया था
KGMU के आर्थोपैडिक विभाग में डॉक्टर-तीमारदार के बीच हुई मारपीट की घटना और उसके कैंपस में हंगामे को लेकर लखनऊ कमिश्नरेट की चौक पुलिस ने FIR दर्ज कर ली। FIR दर्ज होने से मंगलवार को डॉक्टरों का प्रस्तावित पीस मार्च भी टल गया। साथ ही बुधवार को हड़ताल की आशंका भी टल गई। FIR दर्ज करने में देरी के चलते KGMU शिक्षक संघ में भारी नाराजगी थी। इससे पहले सोमवार को KGMU शिक्षक संघ की बैठक में ये तय हुआ था कि इस मामले को एग्जीक्यूटिव कमेटी में उठाया जाएगा। मंगलवार को मामले में FIR दर्ज नहीं हुई तो बुधवार को संघ आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा। हड़ताल नहीं होगी, सामान्य तरीके से होगा कामकाज KGMU शिक्षक संघ अध्यक्ष डॉ. केके सिंह ने बताया कि मामला बेहद ही गंभीर है। सोमवार को बैठक में फैसला लिया गया था कि मंगलवार तक आरोपियों पर FIR न होने पर बुधवार को शिक्षक संघ आंदोलन करेगा। मंगलवार को मीटिंग के बाद आगे हड़ताल पर निर्णय लिया जाना था पर अब जब पुलिस ने FIR दर्ज कर ली है तो फिर आंदोलन भी टल गया है।
इन धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा चौक थाने में BNS की धारा 191(2),126(2), 221, 333, 352, 351(2) में FIR दर्ज की गई है। इसमें संजीत सिंह पटेल समेत 15 से 20 अज्ञात लोगों को नामजद किया गया है। ये था पूरा मामला KGMU के आर्थोपेडिक विभाग से जुड़ा हुआ हैं। यहां बीते बुधवार यानी 1 अप्रैल को OPD में एक युवक डॉ. शांतनु के पास इलाज के लिए आया था। डॉक्टर से सलाह लेने के बाद युवक पार्किंग में पहुंचा। इसी बीच विभाग के एक डॉक्टर भी ट्रॉमा सेंटर जाने के लिए पार्किंग में पहुंच गए। किसी बात को लेकर दोनों में विवाद हो गया। तीमारदार से मारपीट के बाद हुआ था हंगामा आरोप है कि इसी के बाद वहां कुछ कर्मचारी भी पहुंच गए। जिन्होंने मरीज और उनके साथ आए तीमारदार से मारपीट की। मारपीट के बाद वहां हंगामा खड़ा हो गया। देखते ही देखते मरीज की तरफ से वहां कई गाड़ियां भी पहुंची, जिसमें युवक सवार थे। मामला बढ़ता देख जिम्मेदार अधिकारियों ने मरीज और तीमारदार से मारपीट करने वाले कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की बात कही थी। तब जाकर मामला शांत हुआ था।
कुलपति का पुतला फूंकने की थी कोशिश 3 दिन बीत जाने के बाद भी जब कार्रवाई नहीं हुई, तो शनिवार यानी 4 अप्रैल को एक बार फिर कई लोग कार्रवाई की मांग को लेकर KGMU पहुंचे और KGMU प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। प्रदर्शनकारी आरोपी कर्मचारियों को जेल भेजने की मांग कर रहे थे। सुनवाई न होने पर प्रदर्शनकारियों ने कुलपति का पुतला फूंकने की कोशिश की थी। प्रदर्शनकारियों का आक्रोश बढ़ता देख पुलिस ने बल प्रयोग किया था। वही डॉक्टरों और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी नोक झोक भी हुई थी। जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था।
Source: Dainik Bhaskar via DNI News

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