75 साल पुरानी पांडुलिपियों की होगी खोज और डिजिटलीकरण:अम्बेडकरनगर डीएम अनुपम शुक्ला ने ‘ज्ञान भारतम मिशन’ का किया शुभारंभ
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75 साल पुरानी पांडुलिपियों की होगी खोज और डिजिटलीकरण:अम्बेडकरनगर डीएम अनुपम शुक्ला ने ‘ज्ञान भारतम मिशन’ का किया शुभारंभ
अम्बेडकरनगर डीएम अनुपम शुक्ला ने शासन के निर्देश पर ‘ज्ञान भारतम मिशन’ के शुभारंभ की घोषणा की है। इस मिशन का उद्देश्य जिले और प्रदेश में उपलब्ध पांडुलिपियों, हस्तलिखित ग्रंथों, ताड़पत्रों, भोजपत्रों और अन्य दुर्लभ दस्तावेजों की पहचान, सर्वेक्षण, कैटलॉगिंग, संरक्षण और डिजिटलीकरण करना है। मिशन के तहत जिला स्तर पर सरकारी और गैर-सरकारी संस्थानों, मठों, मंदिरों, शैक्षणिक संस्थानों, निजी और सार्वजनिक पुस्तकालयों के साथ-साथ व्यक्तियों के पास सुरक्षित पांडुलिपियों और दुर्लभ ग्रंथों की पहचान कर उनकी सूची तैयार की जाएगी। प्रशासन के मुताबिक, पांडुलिपि से आशय ऐसे हस्तलिखित ग्रंथों से है, जो कागज, भोजपत्र, ताड़पत्र, कपड़ा या धातु पर लिखे गए हों और कम से कम 75 वर्ष पुराने हों। सूची में देनी होगी पूरी जानकारी तैयार की जाने वाली सूची में संबंधित संस्था या व्यक्ति का नाम, प्रभारी का नाम, ईमेल आईडी, मोबाइल नंबर और उपलब्ध पांडुलिपियों व अन्य अभिलेखों की अनुमानित संख्या का स्पष्ट उल्लेख करना अनिवार्य होगा। इसके अलावा, प्रत्येक केंद्र और व्यक्ति के पास मौजूद पांडुलिपियों की अलग-अलग सूची भी तैयार की जाएगी। यह जिला स्तरीय सूची बाद में संस्कृति विभाग उत्तर प्रदेश के अंतर्गत कार्यरत उत्तर प्रदेश राजकीय अभिलेखागार को भेजी जाएगी। मोबाइल ऐप के जरिए होगा सर्वे जिलाधिकारी ने बताया कि ‘ज्ञान भारतम मिशन’ के अंतर्गत राष्ट्रव्यापी राष्ट्रीय पांडुलिपि सर्वेक्षण अभियान जनपद में शुरू हो गया है। यह सर्वेक्षण कार्य ‘Gyan Bhartam App’ मोबाइल एप्लिकेशन के माध्यम से किया जाएगा, जो गूगल प्ले स्टोर पर निःशुल्क उपलब्ध है। प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि पांडुलिपियों का स्वामित्व उनके मूल संग्रहकर्ता के पास ही सुरक्षित रहेगा। ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में नोडल अधिकारी तैनात इस अभियान को सफल बनाने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में विकास खंड अधिकारियों और नगरीय क्षेत्रों में संबंधित अधिशाषी अधिकारियों को नोडल अधिकारी नामित किया गया है। जिलाधिकारी ने सभी नामित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे बिना किसी विलंब के पांडुलिपियों की सूची तैयार कर जिला विकास अधिकारी को उपलब्ध कराएं, ताकि सर्वेक्षण कार्य समयबद्ध ढंग से पूरा किया जा सके।
Source: Dainik Bhaskar via DNI News
