सिद्धार्थनगर जिले में बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। यहां के सात कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों को इंटरमीडिएट स्तर तक अपग्रेड कर दिया गया है। इस पहल से 2500 से अधिक छात्राओं को सीधा लाभ मिलेगा। अब इन विद्यालयों में पढ़ने वाली छात्राओं को आठवीं कक्षा के बाद आगे की पढ़ाई के लिए दूसरे संस्थानों में नहीं जाना पड़ेगा। वे इसी परिसर में कक्षा 9 से 12 तक की शिक्षा पूरी कर सकेंगी। यह सुविधा उन छात्राओं के लिए विशेष रूप से लाभकारी होगी जिन्हें आर्थिक तंगी, दूरी या सुरक्षा कारणों से पढ़ाई छोड़नी पड़ती थी। शिक्षा विभाग के अनुसार, बढ़नी, इटवा, भनवापुर, डुमरियागंज, शोहरतगढ़, खेसरहा और बर्डपुर ब्लॉक के कस्तूरबा गांधी विद्यालयों में इंटरमीडिएट की कक्षाएं शुरू होंगी। इन विद्यालयों के भवन निर्माण का कार्य लगभग पूरा हो चुका है और इन्हें जल्द ही हैंडओवर कर दिया जाएगा। इसी शैक्षणिक सत्र से प्रवेश प्रक्रिया भी शुरू होने की तैयारी है। प्रत्येक अपग्रेडेड विद्यालय में कक्षा 9 से 12 तक लगभग 400 छात्राओं के पढ़ने की व्यवस्था होगी। इन विद्यालयों में आधुनिक सुविधाओं पर विशेष ध्यान दिया गया है। छात्राओं को बेहतर कक्षाओं के साथ-साथ विज्ञान विषयों की पढ़ाई के लिए प्रयोगशालाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी, जिससे उन्हें गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके। बेसिक शिक्षा अधिकारी शैलेश कुमार ने बताया कि जिन विद्यालयों के पास पर्याप्त भूमि उपलब्ध थी, वहां इंटरमीडिएट कक्षाएं उसी परिसर में संचालित की जाएंगी। वहीं, जहां जमीन की कमी थी, वहां आसपास उपलब्ध भूमि पर नए भवन तैयार किए गए हैं। सरकार की इस पहल से ग्रामीण क्षेत्रों की बेटियों को उच्च शिक्षा के लिए बेहतर माहौल मिलेगा। यह कदम न केवल बालिका शिक्षा को बढ़ावा देगा, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण साबित होगा।

Leave a Reply