सहारनपुर के थाना फतेहपुर के छुटमलपुर क्षेत्र की यह दिल दहला देने वाली घटना रिश्तों को झकझोर देने वाली है। मुख्य आरोपी भाई मोंटी ने गिरफ्तारी से पहले सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर खुद ही इस वारदात की जिम्मेदारी ले ली। वीडियो में उसने साफ कहा कि उसकी बहन राखी को कई बार समझाया गया, लेकिन वह नहीं मानी। गुस्से में आकर उसने उसे गोली मार दी। उसने यह भी कहा कि इस अपराध में परिवार का कोई अन्य सदस्य शामिल नहीं है और वह खुद सरेंडर करेगा। देर रात बहन राखी ने भी दम तोड़ दिया है। सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि यह पूरी वारदात पुलिस कस्टडी के दौरान हुई। बीते सोमवार को राखी फतेहपुर थाने पहुंची थी, मेडिकल के लिए सीएचसी भेजा गया। वहीं पर उसके भाइयों मोंटी और रवि ने उसे गोली मार दी। इस घटना ने पुलिस की कार्यप्रणाली और सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं कि आखिर कस्टडी में हथियार कैसे पहुंचा। जानकारी के मुताबिक, रामखेड़ी गांव की रहने वाली राखी 16 मार्च को मोहम्मदपुर कंधेला निवासी युवक लवकुश के साथ चली गई थी। इस पर परिजनों ने मुकदमा दर्ज कराया था। सोमवार को वह खुद थाने पहुंची, जहां परिवार ने उसे मनाने की कोशिश की, लेकिन वह अपने प्रेमी के साथ जाने की जिद पर अड़ी रही। इसी बात को लेकर विवाद इतना बढ़ा कि मामला गोलीबारी तक पहुंच गया। गोली लगने के तुरंत बाद राखी को फतेहपुर सीएचसी में भर्ती कराया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे सहारनपुर के निजी अस्पताल भेजा गया। हालत में सुधार न होने पर डॉक्टरों ने उसे एम्स ऋषिकेश रेफर कर दिया। सिर और पीठ में गोली लगने के कारण उसकी हालत बेहद गंभीर थी। डॉक्टरों की तमाम कोशिशों के बावजूद राखी ने 28 घंटे तक जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष करने के बाद मंगलवार रात करीब 9 बजे दम तोड़ दिया। एम्स के पीआरओ डॉ. श्रीलॉय मोहंती ने इसकी पुष्टि की। घटना के बाद पुलिस ने तेजी दिखाते हुए मुख्य आरोपी मोंटी को गिरफ्तार कर लिया है। उसके पास से वारदात में इस्तेमाल पिस्टल भी बरामद कर ली गई है। एसएसपी अभिनंदन सिंह ने बताया कि दूसरे आरोपी भाई की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है और उसे जल्द पकड़ लिया जाएगा। इस घटना के बाद रामखेड़ी गांव में मातम और सन्नाटा पसरा हुआ है। राखी के घर में केवल उसकी मां और भाभी मौजूद हैं, जो किसी से बातचीत करने की स्थिति में नहीं हैं। मोहल्ले के लोग भी इस मामले पर खुलकर कुछ बोलने से बच रहे हैं। वहीं, कंधेला गांव में प्रेमी लवकुश और उसके चचेरे भाई गोविंद के घरों पर ताले लटके हुए हैं। उनके परिजन भी घटना के बाद से गायब बताए जा रहे हैं। पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कई स्थानों पर छापेमारी की है। दबाव बनाने के लिए कुछ रिश्तेदारों को हिरासत में भी लिया गया है। लवकुश और गोविंद का 16 मार्च के बाद से कोई सुराग नहीं मिलने से मामला और उलझ गया है।

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