गाजियाबाद की मोदीनगर विधानसभा सीट से भाजपा विधायक डॉ. मंजू सिवाच ने कहा कि मोदीनगर विधानसभा में व्यापक विकास काम कराए गए हैं। आज हर लड़की सुरक्षित है। मैंने कन्या डिग्री कॉलेज की मांग रखी थी, जो पूरी हुई। मोदीनगर के एक तरफ एक्सप्रेस-वे है और बीचों-बीच से देश की पहली रैपिड रेल गुजर रही है। मोदीनगर में जितना विकास हुआ है, वैसा शायद ही कहीं हुआ हो। पार्टी ने मोदीनगर को काफी ऊपर उठाया है। विधानसभा चुनाव 2027 से पहले डॉ. मंजू सिवाच ने क्या-क्या काम किए, अभी क्या बाकी है और क्या उन्हें फिर टिकट मिलेगा- इन मुद्दों पर दैनिक भास्कर ने उनसे बातचीत की। पढ़िए सवाल-जवाब… सवाल: सबसे बड़ा काम आपने कौन सा कराया?
जवाब: अगर मैं अपने कार्यकाल की बात करूं तो नगर पालिका का विस्तार हुआ है। जीडीए का डेवलपमेंट चार्ज 3090 रुपये प्रति मीटर था, जिसे मैंने घटाकर 1200 रुपये प्रति मीटर कराया। यह व्यवस्था मोदीनगर पालिका सहित 26 नगर पालिकाओं में लागू हुई। कन्या डिग्री कॉलेज बनने से बालिकाओं को बहुत फायदा हुआ है। एक्सप्रेस-वे से दो कट मिले हैं, जिससे किसानों की जमीन की कीमत बढ़ गई है। गंगनहर के 100 साल पुराने पुलों का पुनर्निर्माण कराया गया। रजवाहों पर भी काफी काम हुआ। आरआरटीएस (रैपिड ट्रेन) हमारे यहां आई। हापुड़ रोड पर रेलवे ब्रिज का निर्माण शुरू हो गया है। मोदीनगर की कनेक्टिविटी अब बेहतरीन हो गई है। अक्षय पात्र योजना की किचन शुरू हो रही है, जिससे करीब डेढ़ लाख बच्चों को मिड-डे मील मिल सकेगा। सवाल: पिछले 4 साल के अपने कामकाज को आप 10 में से कितने नंबर देंगी?
जवाब: मैं खुद को 10 में से 8 नंबर दूंगी। सवाल: ऐसा कौन सा काम है जो आप नहीं करा पाईं?
जवाब: मेरा एक ड्रीम प्रोजेक्ट था- कुश्ती और कबड्डी खिलाड़ियों के लिए स्टेडियम बनाना। इस पर अभी काम पूरा नहीं हो पाया है। इंडस्ट्रियल एरिया पर काम चल रहा है। हमारे क्षेत्र में बहुत प्रतिभाशाली खिलाड़ी हैं। आने वाले समय में इस स्टेडियम को जरूर पूरा कराया जाएगा। मोदीनगर विधानसभा में बड़ा ग्रामीण क्षेत्र है, जहां से कई खिलाड़ियों ने पहचान बनाई है। हमने छोटे-बड़े कई काम कराए हैं। सवाल: क्या इस बार फिर आप टिकट की दावेदार हैं?
जवाब: मैं 100 फीसदी टिकट की दावेदार हूं। अंतिम फैसला पार्टी का होता है, लेकिन मैंने बहुत काम किए हैं। अपने प्रोजेक्ट मंत्री और चीफ सेक्रेटरी स्तर तक रखे हैं। मैं मोदीनगर की ही रहने वाली हूं और यहीं सक्रिय हूं। लोग सीधे अपनी समस्या बताते हैं और उनका समाधान कराया जाता है। पूरे क्षेत्र के लोग मुझे मानते हैं। सवाल: क्या आपको इस बार टिकट मिलेगा?
जवाब: मैंने जो काम किए हैं और जनता से मेरा जो जुड़ाव है, उसके आधार पर मुझे लगता है कि टिकट मिलना चाहिए। मैं बाहरी उम्मीदवार नहीं हूं। लड़कियों के लिए डिग्री कॉलेज दिलाया, देहात की बेटियों की पढ़ाई पर विशेष ध्यान दिया है। सवाल: महिलाओं की सुरक्षा और भागीदारी पर आपका क्या कहना है?
जवाब: पार्टी 30 प्रतिशत टिकट महिलाओं को देने की दिशा में काम कर रही है। मैंने भी महिलाओं के लिए कई काम किए हैं। पार्टी के अभियान में बिहार, राजस्थान और पूर्वी यूपी तक गई हूं। महिलाओं को लगातार जागरूक किया जा रहा है। पार्टी ने मुझे दो बार विधायक बनाया है और मैं आगे भी इसी तरह काम करती रहूंगी। मुझे उम्मीद है कि तीसरी बार भी पार्टी मुझे टिकट देगी।

Leave a Reply