लखनऊ में शुक्रवार को जुमा की नमाज के बाद शिया मुसलमानों ने सऊदी अरब के शासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। आसिफी मस्जिद में हुए इस प्रदर्शन में लोग सऊदी हुकूमत और आतंकवादी विरोधी तख्तियां लेकर पहुंचे। भारी संख्या में मौजूद लोगों ने सऊदी अरब की हुकूमत के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन कर रहे लोगों ने जन्नतुल बकी के पुनः निर्माण की मांग लिया। प्रदर्शन को देखते हुए बड़े इमामबाड़ा के बाहर बड़ी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात की गई। जन्नतुल बकी के निर्माण के लिए हुआ प्रदर्शन दरअसल सऊदी अरब के शहर मदीना में स्थित जन्नतुल बकी नामक कब्रिस्तान है। वहां पर पैगंबर-ए- इस्लाम की बेटी हजरत फातिमा जेहरा की कब्र को सऊदी शासन द्वारा ध्वस्त कर दिया गया था। प्रदर्शनकारियों ने सऊदी अरब में तोड़े गए मजारों का पुनरनिर्माण करने की मांग की है। इस मांग के लिए शिया मुसलमान सऊदी हुकूमत के खिलाफ हर साल आज जिनके दिन प्रदर्शन करते हैं। सऊदी हुकूमत का जमकर विरोध शिया धर्मगुरु मौलाना कल्बे जवाद ने प्रदर्शन कर रहे शिया मुसलमानों को संबोधित किया। इस दौरान सऊदी हुकूमत मुर्दाबाद के नारे लगे। मौलाना कल्बे जवाद ने सऊदी शासन की कड़े शब्दों में निंदा की। उन्होंने कहा- जन्नतुल बकी शिया अकीदे के लिहाज से सबसे अहम कब्रिस्तान है। जब तक सऊदी अरब जन्नतुल बकी कब्रिस्तान में स्थित पैगमबर- ए-इस्लाम की सुपुत्री और उनके नातियों की कब्रों को फिर से निर्माण नहीं करवा देता। तब तक हम इसी तरह सऊदी शासन के खिलाफ हर साल प्रदर्शन करते रहेंगे।

Leave a Reply