सिद्धार्थनगर में गोवध निवारण अधिनियम के तहत एक आरोपी को अदालत ने दोषी करार देते हुए पांच साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही उस पर 3,02,000 रुपए का अर्थदंड भी लगाया गया है। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश मोहम्मद रफी की अदालत ने असगर उर्फ किनकिन पुत्र कतीबन बंजारा, निवासी गोपीजोत थाना मोहाना को दोषी पाया। मामला थाना चिल्हिया क्षेत्र से जुड़ा है, जिसमें पुलिस की प्रभावी विवेचना और न्यायालय में सशक्त साक्ष्य प्रस्तुत किए गए। इन्हीं के आधार पर अदालत ने आरोपी को सजा सुनाई। अभियोजन पक्ष की ओर से चन्द्र प्रकाश पाण्डेय ने मजबूती से पैरवी की, जबकि न्यायालय पैरोकार आरक्षी अंकित ने भी सुनवाई के दौरान महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। अदालत के इस फैसले को गंभीर अपराधों में सख्ती से कार्रवाई का संकेत माना जा रहा है।

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