मेरे लाल को बड़े निर्मम तरीके से मारा गया है। दो छोटे-छोटे बच्चे हैं, उनका सहारा छीन गया। हत्यारे को खोजकर फांसी देनी चाहिए। उसकी किसी से दुश्मनी नहीं थी। यह बातें रोते हुए ऋषभ की मां गुड्डी देवी और पत्नी चांदनी ने कही। इस घटना के बाद से ही गांव में मातम पसरा है, ऋषभ के घर से रोने चिल्लाने की आवाज आ रही है। गांव के लोग परिजनों को ढांढस बंधा रहे हैं। गोरखपुर के गगहा थाना क्षेत्र के रावतपार में गुरुवार सुबह एक टाॅयलेट की छत पर युवक की लाश मिली। युवक के हाथ में कंडोम का पैकेट था। घटनास्थल से 25 मीटर दूर उसकी जींस-टीशर्ट मिली। जिससे युवक की पहचान गांव के ही ऋषभ यादव उर्फ बब्बी यादव (25) के रूप में हुई। दो बच्चों का पिता ऋषभ बैंकाक में रहकर कमाता था। फरवरी महीने में बहन की शादी में घर आया था। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। रिपोर्ट आने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। शुक्रवार को बीआरडी मेडिकल कॉलेज में पोस्टमार्टम की प्रक्रिया होगी। पुलिस के मुताबिक रावतपार निवासी ऋषभ यादव उर्फ बब्बी यादव (28) पुत्र उदय चंद यादव के घरवालों ने अभी तक तहरीर नहीं दी है। ऋषभ की लाश गोरखपुर-वाराणसी हाईवे से करीब 20 मीटर दूर स्थित एक आटा चक्की के पीछे बने टायलेट की छत टीनशेड से ढकी हुई मिली है। टॉयलेट के टीनशेड पर युवक का शव आटा चक्की मालिक ने देखकर पुलिस को सूचना दी। फोरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंची गगहा पुलिस ने जांच शुरू की इस बीच युवक की पहचान हो गई। मौके से सबूत जुटाने के बाद पुलिस ने लाश कब्जे में लेकर बीआरडी मेडिकल कॉलेज की मोर्चरी में भिजवा दिया। टायलेट की छत पर लाश देखकर चौंक गए लोग
युवक का शव न्यूड अवस्था में था और उसके हाथ में कंडोम का एक पैकेट था। जहां शव मिला है वहां या तो शव रखा गया है या फिर युवक खुद चढ़कर गया है। पेट के हिस्से में छिलने के भी निशान हैं। अगर किसी ने शव रखा है तो रखने में दो से ज्यादा लोग शामिल रहे होंगे। इसके साथ टायलेट की छत पर ऐसे जगह शव रखने के पीछे की मंशा भी सनसनीखेज है। हर कोई शव देखकर चौक गया। वहीं, घटनास्थल से करीब 25 मीटर दूर एक पेड़ पर युवक का जींस पैंट और टी-शर्ट भी बरामद हुआ। अब अगर पेड़ के पास कपड़ा निकाल कर यहां ले आया गया है या फिर यहां कपड़ा निकाल कर पेड़ के पास फेंका गया है इन सभी हालातों की पुलिस जांच कर रही है। बैंकाक में कमाता था, बहन की शादी में आया ऋषभ
ऋषभ यादव बैंकाक रहता था। ऋषभ के दो भाइय और दो बहनें हैं। 19 फरवरी को उसकी छोटी बहन की शादी थी, जिसके लिए वह बैंकाक से घर आया था। ऋषभ की की शादी करीब 07 साल पहले हुई थी और उसके दो छोटे बच्चे हैं। एक छह साल का और दूसरा करीब ढाई साल का। ऋषभ के पिता उदय चंद यादव, बेटी की शादी के दस दिन बाद ही बैंकाक चले गए थे। जबकि ऋषभ यहीं रुक गया था। अंतिम बार चेहरा देखने परिजन पहुंचे थाने
शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा रहा था, लेकिन परिजनों और रिश्तेदारों ने अंतिम बार शव देखने की मांग की। इस पर पुलिस ने शव को रास्ते से वापस थाने मंगाया। इस मामले में अभी किसी के खिलाफ कोई तहरीर नहीं दी गई है। पुलिस पूरे प्रकरण की जांच में जुटी है और मौत के कारणों का पता लगाने का प्रयास कर रही है। युवक के शरीर पर किसी तरह के चोट के निशान नहीं है ऐसे में या तो कुछ खिलाकर उसकी हत्या की गई है या फिर उसने खुद शारीरिक क्षमता बढ़ाने वाली कुछ ऐसी दवा इस्तेमाल की है। जिससे उसकी मौत हो गई है। पूरे मामले में आशनाई का एंगल भी है ऐसे में पीएम रिपोर्ट के बाद ही पुलिस किसी नतीजे पर पहुंचने का दावा कर रही है। इस संबंध में एसएसपी डाॅ. कौस्तुभ ने बताया कि सभी पहलू की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

Leave a Reply