वाराणसी पुलिस ने कोडीन कफ सिरप मामले में बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने सारनाथ थाने में दर्ज हुए 18 दिसंबर 2025 की मुकदमें में कोर्ट में चार्जशीट दायर कर दी है। पुलिस ने महज 82 दिनों में कोर्ट में शुभम जायसवाल के पिता भोला जायसवाल सहित 10 आरोपियों पर चार्जशीट दायर की है। जिसमें प्रयागराज और कानपुर के आरोपी भी हैं। इस मुकदमें में भोला जायसवाल सहित सभी जेल में बंद हैं। वहीं इस पूरे प्रकरण के मास्टरमाइंड शुभम जायसवाल के खिलाफ लुक आउट नोटिस जारी हो चुकी है। ड्रग इंस्पेक्टर ने दर्ज कराया था मुकदमा एसीपी सारनाथ विदुष सक्सेना ने बताया – कोडीन कफ सिरप मामले में सारनाथ थाने में 18 दिसंबर 2025 को ड्रग इंस्पेक्टर जुनाब अली ने प्रोपराइटर फर्म मेसर्स पीडी फार्मा द्वारा कोडीनयुक्त कफ सिरप की बिक्री और कूटरचित फर्म संचालित किए जाने के मामले में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। इस मामले में पुलिस ने सभी आरोपियों को एक-एक करके गिरफ्तार कर लिया। उन्होंने बताया 28 दिन पहले कोडीन कफ सिरप मास्टरमाइंड शुभम जायसवाल का सहयोगी और 65 लाख के कोडीन कफ सिरप की खरीद बिक्री के आरोपी सारनाथ थाने की पुलिस ने प्रयागराज के मुट्ठीगंज थानाक्षेत्र के रहने वाले सत्येंद्र साहू को गिरफ्तार किया था। जिसके बाद कार्रवाई तेज करते हुए कोर्ट में चारजशीट दायर कर दी गई है। सभी साक्ष्यों के आधार पर जमा की गई चार्जशीट एसीपी ने बताया – इस मामले में सभी साक्ष्यों के संकलन और व्यक्तियों की गरफ्तारी के बाद चार्जशीट को फाइनल कर कोर्ट में जमा किया गया है। इसमें आरोपी आदमपुर के प्रहलाद घाट, कायस्थ टोला निवासी मास्टरमाइंड शुभम जायसवाल के पिता भोला प्रसाद जायसवाल, सारनाथ के परशुराम तिसरिया निवासी विष्णु कुमार पांडेय, सिगरा के महमूरगंज मोहिनी कुंज निवासी लोकेश अग्रवाल, पांडेयपुर एसबीआई कॉलोनी निवासी प्रतीक कुमार गजराती, प्रयागराज धूमनगंज प्रीतम नगर निवासी सुरेशचंद्र गुप्ता, प्रयागराज करेली के आजाद नगर आशियाना निवासी फैजुर रहमान, कानपुर के फीलखाना थाना क्षेत्र के पटकापुर निवासी अग्रवाल ब्रदर्स फर्म के प्रोपराइटर विनोद अग्रवाल, प्रयागराज मुठ्ठीगंज मालवीय नगर निवासी सत्येंद्र कुमार साहू, प्रयागराज के शाहगंज निवासी मो. सैफ और कोतवाली के गोलघर सिद्धमाता गली निवासी आकाश पाठक शामिल हैं। ये साक्ष्य हुए कोर्ट में जमा एसीपी विदुष सक्सेना ने बताया – इस प्रकरण में आरोपियों से जब्त किए गए ई-वे बिल, बैंक स्टेटमेंट, नकदी जमा पर्ची, बैंक सीसीटीवी फुटेज, सीडीआर के अलावा बरामद कोडीन युक्त कफ सिरप की फारेंसिक रिपोर्ट और औषधि निरीक्षक से प्राप्त रिपोर्ट । एबॉट व अन्य लैबोरेटरी कंपनी की रिपोर्ट । वाहनों के टोल डेटा तथा संबंधित बैंक मैनेजर व कैशियर के बयानों के आधार पर तस्करी और अवैध धन अर्जन से संबंधित प्रमाण आरोपपत्र में दाखिल किए गए हैं। अब जानिए क्या है पूरा मामला… 5 पॉइंट में जानिए कैसे कोडीन युक्त कफ सिरप के नेटवर्क का खुलासा हुआ अब जानिए शुभम पर क्या आरोप हैं

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