अंकित की शराब में मिलाया गया था पोटेशियम गोल्ड साइनाइड:सर्राफ करते हैं इसका प्रयोग, दौराला में हुई तीन मौतों का SSP ने किया खुलासा
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अंकित की शराब में मिलाया गया था पोटेशियम गोल्ड साइनाइड:सर्राफ करते हैं इसका प्रयोग, दौराला में हुई तीन मौतों का SSP ने किया खुलासा
मेरठ पुलिस ने दौराला में हुई तीन मौतों का रविवार को पर्दाफाश कर दिया। यह तीनों मौत पोटेशियम गोल्ड साइनाइड मिली शराब पीने से हुईं थी। इस मामले में तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें मृतक अंकित की बहन अल्का उर्फ डौली भी शामिल है। पोटेशियम गोल्ड साइनाइड का सर्राफ आभूषणों पर सोने का पानी चढ़ाने में प्रयोग करते हैं। तीसरा आरोपी पूर्व में ज्वैलरी बनाने का काम करता था। पहले एक नजर पूरे मामले पर
दौराला थाना क्षेत्र के साई्ंपुरी गली नंबर दो में शुक्रवार शाम बाबूराम, जितेंद्र और अंकित ने एक साथ बैठकर शराब पी, जिसके बाद उनकी हालत बिगड़ गई। आनन फानन में तीनों को पास के निजी अस्पताल लाया गया, जहां कुछ देर बाद तीनों ने ही दम तोड़ दिया। शराब पीने के बाद हुई इन तीन मौतों से सनसनी फैल गई। आनन फानन में डीएम डा. वीके सिंह, एसएसपी अविनाश पांडेय और जिला आबकारी अधिकारी प्रदीप कुमार अस्पताल पहुंच गए। डीएम ने मामले में जांच शुरु करा दी। जहरीली शराब का मचा शोर
तीन लोगों की मौत के बाद शोर मच गया कि शराब जहरीली थी। आबकारी विभाग और पुलिस ने उस स्पेलर का निरीक्षण किया, जहां तीनों ने एक साथ बैठकर शराब पी थी। एडीजी मेरठ जोन भानु भास्कर भी रात में वहां पहुंच गए। मौके से बंटी जीरा मसाला शराब का खाली टेट्रा पैक मिला, जिसको लैब में जांच के लिए भेज दिया गया। अगले दिन ही प्रशासन ने खुलासा कर दिया कि शराब में जहर मिलाया गया था। एसएसपी अविनाश पांडेय ने लैब रिपोर्ट का हवाला तक दिया। जहर मिलाने वाले की तलाश शुरु
पुलिस लाइन में प्रेसवार्ता के दौरान एसएसपी अविनाश पांडेय ने पूरे मामले का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि यह स्पष्ट हो चुका था कि शराब में जहर मिलाया गया था। इसलिए पुलिस ने जहर मिलाने वाले की तलाश शुरु कर दी। 50 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरे खंगाले गए। मृतकों के परिवारों से भी कई कई बार बातचीत की गई, जिसके बाद शक शराब लेकर आने वाले अंकित की बहन अलका उर्फ डौली की ओर गहराने लगा। शुरुआत में वह पुलिस को घुमाती रही लेकिन फिर सीओ ब्रह्मपुरी सौम्या अस्थाना ने अलका उर्फ डौली से पूछताछ शुरु की। आखिरकार शराब में मिले जहर का सच अलका ने उगल ही दिया। अंकित से छुटकारा चाहती थी अलका
एसएसपी ने बताया कि अंकित की बहन अलका के लगभग 25 वर्ष से मनोहर की पट्टी निवासी पवन अहलावत उर्फ पोली पुत्र कंवरपाल से प्रेम संबंध थे। अंकित को इसका पता चल चुका था, इसलिए वह दोनों का विरोध करता था। धीरे धीरे अंकित व अलका के बीच विवाद बढ़ने लगा। वह आए दिन शराब पीकर अलका को मारता-पीटता, उसके साथ अभद्रता तक करता। अलका के बताने पर पवन अहलावत ने अंकित को समझाया लेकिन वह नहीं माना। इसके बाद अलका व पवन ने अंकित को रास्ते से हटाने का मन बना लिया। पवन के सर्राफ दोस्त ने सुझाया फ़ार्मुला
एसएसपी अविनाश पांडेय ने बताया कि पवन अहलावत प्रेमिका अलका संग होने वाली मारपीट से परेशान था। एक दिन अलका ने ही पवन से बोल दिया कि वह उसे कोई जहर लाकर दे ताकि वह अंकित को पिला सके। पवन ने अपने परिचित सुनार अशोक वर्मा पुत्र ओमपाल वर्मा निवासी मोहनपुरी थाना दौराला से बात साझा की। अशोक ने बताया कि जब वह सुनार का काम करता था तो उनके यहां आभूषण पर सोने का पानी चढ़ाने में पोटेशियम गोल्ड साइनाइड (साइनाइड का एक प्रकार) का प्रयोग होता था। उसकी दुकान बंद हो चुकी है लेकिन हो सकता है कि पाउडर रखा हो। अंकित को होली पर मारने का था प्लान
एसएसपी ने बताया कि अलका व पवन जानते थे कि केवल शराब के जरिए ही अंकित को निपटाया जा सकता है। इसके लिए उन्होंने होली का दिन चुना लेकिन सफलता नहीं मिल सकी। इसके कुछ दिन बाद ही 30 मार्च को अशोक ने पवन को अपनी दुकान से पोटेशियम गोल्ड साइनाइड की एक गोली लाकर दे दी। पवन ने वह गोली अलका को दी लेकिन अलका उसे अंकित को खिला नहीं पाई और 1 अप्रैल को उसने गोली लौटा दी। मौत से एक दिन पहले मंगाई शराब
एसएसपी ने बताया कि पोटेशियम गोल्ड साइनाइड की गोली वापस मिलने के बाद पवन ने खुद अंकित को मारने का जिम्मा उठाया। 2 अप्रैल की शाम करीब सात बजे उसने परिचित कल्लू पुत्र किशन पाल से 100 रुपये देकर देशी शराब का टेट्रा पैक मंगाया। कल्लू ने ही बंटी जीरा मसाला का टेट्रा पैक लाकर दिया। पवन ने उस ट्रेट्रा पैक को सावधानी से खोला और उसमें गोली पीसकर मिला दी और एल्फी से वापस टेट्रा पैक चिपका दिया। पवन ने अंकित को दी शराब
3 अप्रैल को पवन ने अलका से बात की और उसे पूरा प्लान समझा दिया। शाम करीब साढ़े छह बजे पवन ने अलका को फोन कर अंकित की लोकेशन ली। जैसे ही पवन को पता चला कि अंकित साइकिल लेकर तेल लेने निकला है तो वह उससे पहले ही रजवाहे की पुलिया पर जाकर बैठ गया। अंकित वहां से गुजरा तो पवन को देखकर रुक गया। इसी दौरान पवन ने अंकित को पोटेशियम गोल्ड साइनाइड मिली शराब का टेट्रा पैक सौंप दिया। अंकित वह लेकर सीधा बाबूलाल के स्पेलर पहुंचा, जहां ना केवल अंकित बल्कि बाबूलाल व उनके कर्मचारी जितेंद्र ने वह शराब पी और तीनों की मौत हो गई।
Source: Dainik Bhaskar via DNI News
