चित्रकूट में भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा के पुरस्कार वितरण समारोह का आयोजन किया गया। यह समारोह गायत्री शक्तिपीठ चित्रकूट में हुआ, जिसमें जगद्गुरु रामभद्राचार्य दिव्यांग विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. शिशिर पाण्डेय मुख्य अतिथि थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) ने की। इस अवसर पर मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया और शिक्षा, संस्कृति तथा संस्कारों के संरक्षण पर विचार व्यक्त किए गए। कार्यक्रम की शुरुआत में गायत्री शक्तिपीठ के संचालक डॉ. रामनारायण त्रिपाठी ने भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा की महत्ता पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि गायत्री परिवार के आयोजनों का मुख्य उद्देश्य ‘युग निर्माण’ है, जिसका अर्थ व्यक्ति, परिवार और समाज का मानवीय उत्कर्ष है। डॉ. त्रिपाठी के अनुसार, विद्यालयों में शिक्षा के माध्यम से छात्र-छात्राओं का व्यक्तित्व निर्माण गायत्री परिवार की प्राथमिकताओं में शामिल है। इसी उद्देश्य से देश भर में एक करोड़ से अधिक विद्यार्थी इस परीक्षा में भाग लेते हैं। मुख्य अतिथि डॉ. शिशिर पाण्डेय ने अपने संबोधन में कहा कि गायत्री परिवार ने भारतीय संस्कृति और संस्कारों के संरक्षण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने पं. श्रीराम शर्मा आचार्य को दूरदर्शी व्यक्तित्व बताया, जिन्होंने भारत के उज्ज्वल भविष्य को ध्यान में रखते हुए अनेक रचनात्मक कार्यक्रम शुरू किए। डॉ. पाण्डेय ने जोर दिया कि आचार्य के ये प्रयास आज भी समाज को सही दिशा प्रदान कर रहे हैं। जिला विद्यालय निरीक्षक ने अपने अध्यक्षीय संबोधन में गायत्री परिवार को संस्कृति संरक्षण के लिए समर्पित संगठन बताया। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन छात्र-छात्राओं और समाज में जागरूकता बढ़ाने का काम करते हैं। डीआईओएस ने आश्वासन दिया कि शिक्षा विभाग भविष्य में भी इस प्रकार के श्रेष्ठ कार्यों में सहयोग करता रहेगा। भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा के जिला संयोजक जितेंद्र सिंह ने जिले में आयोजित परीक्षा की रूपरेखा प्रस्तुत की। उन्होंने सभी प्रधानाचार्यों से अपील की कि वे इस महत्वपूर्ण परीक्षा को अधिक से अधिक विद्यालयों तक पहुंचाने में सहयोग करें। वहीं, जिला संघचालक रामाधार जी ने ‘पंच परिवर्तन’ का विषय रखते हुए बताया कि गायत्री परिवार इन सकारात्मक परिवर्तनों को समाज में सहज रूप से आगे बढ़ा रहा है। समारोह में उपजोन समन्वयक रामजीत पाण्डेय, जिला कार्यवाह अतुल सिंह, जिला समन्वयक भवनीदीन यादव, संरक्षक विजय चंद गुप्ता, हरिमोहन सिंह, विवेक श्रीवास्तव, केके त्रिपाठी, अनूप तिवारी, प्रमोद पटेल, दिनेश यादव, सुधा तिवारी और पुष्पा शर्मा सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

Leave a Reply