बिजनौर के मुहल्ला चाहशीरी में स्थित कब्रिस्तान की भूमि में स्थापित एक आरा मशीन की सील तोड़ने और उसे फिर से संचालित करने के आरोप में चार लोगों के खिलाफ शहर कोतवाली थाने में रिपोर्ट दर्ज की गई है। वन विभाग के अधिकारियों ने चार दिन पहले इस आरा मशीन को दोबारा सील कर दिया था। दरअसल, राजस्व विभाग के अधिकारियों ने सरकारी भूमि पर अवैध कब्जों की जांच की थी। जांच में सामने आया कि 1425-1430 फसली में दर्ज गाटा संख्या 3509 की 0.5060 हेक्टेयर भूमि सार्वजनिक भूमि के रूप में दर्ज है। हालांकि, इस गाटे में अवैध रूप से दिलावर एंड संस के नाम से आरा मशीन संचालित की जा रही थी। एसडीएम सदर रितु चौधरी के निर्देश पर तहसीलदार सदर आशीष सक्सेना की मौजूदगी में पिछले साल अक्टूबर में इस आरा मशीन को सील कर दिया गया था। 16 मार्च को सील तोड़कर आरा मशीन संचालित किए जाने का मामला संज्ञान में आया। इसके बाद जिलाधिकारी के आदेश पर वन विभाग के अधिकारियों ने आरा मशीन को फिर से सील कर दिया। हल्का लेखपाल रजत चौधरी ने आरा मशीन के संचालक जावेद, वकार, मकसूर अहमद और इमरान अहमद निवासी चाहशौरी बी-24 के खिलाफ शहर कोतवाली थाने में तहरीर दी। तहरीर में आरोप है कि चारों आरोपियों ने सील तोड़कर आरा मशीन को संचालित किया। कोतवाल राम प्रताप ने आरा मशीन संचालकों के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज किए जाने की पुष्टि की है। इस प्रकरण में एसडीएम ने हल्का लेखपाल रजत चौधरी को निलंबित भी कर दिया है।

Leave a Reply