संभल में ओलावृष्टि से गेहूं-मक्का की फसलें बर्बाद:किसानों को भारी नुकसान, सरकारी मदद की उम्मीद; तापमान 18 से 32 डिग्री, AQI 173 पहुंचा
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संभल में ओलावृष्टि से गेहूं-मक्का की फसलें बर्बाद:किसानों को भारी नुकसान, सरकारी मदद की उम्मीद; तापमान 18 से 32 डिग्री, AQI 173 पहुंचा
संभल जिले में हाल ही में हुई ओलावृष्टि से गेहूं और मक्का की फसलें बुरी तरह प्रभावित हुई हैं। खेतों में खड़ी फसलें नष्ट हो गई हैं, जिससे किसानों को भारी नुकसान हुआ है। किसान अब सरकार से मुआवजे और मदद की उम्मीद लगाए बैठे हैं। ओलावृष्टि के बाद सोमवार को तेज धूप के साथ गर्मी बढ़ी है। सुबह न्यूनतम तापमान 18 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 173 रहा। चंदौसी तहसील क्षेत्र के आठ गांवों में ओलावृष्टि का विशेष प्रभाव देखा गया। भवन, परतापुर, राजपुर, किसौली, अमावती, ढ़ाढ़ोल, घासीपुर और सिंघपुर जैसे गांवों में बड़े ओले गिरे, जिससे कटाई के लिए तैयार गेहूं की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई। बहजोई कस्बा क्षेत्र में बारिश के साथ ओले गिरे। इसके अतिरिक्त, चंदौसी तहसील के 40 से अधिक ग्रामीण इलाकों में बारिश हुई, जिससे मौसम सुहावना हो गया था। किसान प्रीतम सिंह ने बताया कि ओलावृष्टि से किसानों को काफी नुकसान हुआ है। उन्होंने कहा, “पहले आंधी से गेहूं की फसल गिर गई थी, और अब ओलावृष्टि से खेत में तैयार गेहूं और मक्का की फसल भी खराब हो गई है। आलू की फसल पहले ही बर्बाद हो चुकी थी, अब गेहूं और मक्का भी नष्ट हो गए हैं। किसान पूरी तरह बर्बाद हो गया है।” प्रीतम सिंह ने बताया कि उन्होंने 30 बीघा में गेहूं की फसल बोई थी। सोमवार सुबह 8 बजे संभल जिले का तापमान 23 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दिन चढ़ने के साथ अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना है, जो पिछले 20 दिनों की तुलना में 6 डिग्री कम रहेगा। दोपहर 12 बजे से देर रात तक आसमान में काली घटा छाए रहने का अनुमान है। रविवार को तहसील संभल क्षेत्र में दिन भर बादल छाए रहे, हालांकि बारिश नहीं हुई थी।
Source: Dainik Bhaskar via DNI News
