संभल के बहजोई में ईस्टर समारोह संपन्न:विश्व शांति और आशा के संदेश के साथ मनाया गया
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संभल के बहजोई में ईस्टर समारोह संपन्न:विश्व शांति और आशा के संदेश के साथ मनाया गया
सम्भल के बहजोई स्थित डिवाइन फेथ फैलोशिप ग्लोबल मैथोडिस्ट चर्च में प्रभु यीशु मसीह के पुनरुत्थान के अवसर पर भव्य ईस्टर समारोह का आयोजन किया गया। यह दिन मसीही समुदाय के लिए आशा, नवजीवन और विजय का प्रतीक है। समारोह की शुरुआत सुबह 4:00 बजे प्रभातकालीन स्तुति सभा से हुई। इसमें उपस्थित विश्वासियों ने हाथों में मोमबत्तियाँ लेकर प्रभु यीशु के पुनरुत्थान का स्मरण करते हुए स्तुति-गीत गाए। इसके बाद सुबह 11:00 बजे एक विशेष आराधना सभा आयोजित की गई, जिसमें बड़ी संख्या में मसीही जन शामिल हुए। ग्लोबल मैथोडिस्ट चर्च के प्रजाइडिंग एल्डर रेवरेंड डॉ. राहुल उठवाल ने सभा की अध्यक्षता की। उन्होंने अपने संदेश में कहा कि गुड फ्राइडे की घटनाओं के बाद प्रभु यीशु के तीसरे दिन पुनर्जीवित होने से उनके शिष्य और अनुयायी नई आशा, बल और उत्साह से भर गए। डॉ. उठवाल ने बताया कि ईस्टर हमें सिखाता है कि सत्य, प्रेम और बलिदान की अंतिम विजय निश्चित है। उन्होंने मत्ती 28 से पवित्र बाइबिल का पाठ कर पुनरुत्थान की घटना को प्रस्तुत किया।
पादरी प्रवीन कुमार ने अपने संदेश में प्रभु यीशु के चरित्र और शिक्षाओं को मानवता का आदर्श बताया। उन्होंने कहा कि उनकी शिक्षाएं आज भी शांति, क्षमा, करुणा और सेवा का संदेश देती हैं। पादरी कुमार ने पुनरुत्थान को केवल एक चमत्कार नहीं, बल्कि प्रत्येक संघर्षरत आत्मा के लिए आशा का प्रतीक बताया। प्रार्थना सभा के अंत में विश्व शांति, सामाजिक एकता और मानव सेवा के लिए विशेष सामूहिक प्रार्थना की गई। सभी उपस्थित विश्वासियों ने एक-दूसरे को ईस्टर की शुभकामनाएँ दीं और प्रभु के पुनर्जीवन की खुशी साझा की। इस अवसर पर चर्च के कई सदस्यगण उपस्थित रहे, जिनमें खुशी, अंजली, कोमल, कमलेश, अर्जुन, अमयारा, कंचन, चुनमुन, विजय, पूजा, शैलिन, बेबी रॉबिंसन, वीनस, आकांक्षा, पंकज रॉबिंसन, सीमा टॉड, सामर्थ, अरनव, प्रिंस, अनुराग, कनक, माही, आनन्द और भूमि सहित अनेक श्रद्धालु शामिल थे।
Source: Dainik Bhaskar via DNI News
