गाजियाबाद में 3 बहनों की मौत की असली वजह तक पहुंचने के लिए पुलिस ने फ्लैट नंबर 907 में 5 घंटे बिताए। जिस पूजा के कमरे से तीनों बच्चियों ने छलांग लगाई थी, उसकी खिड़की खोलकर प्लास्टिक का स्टूल रखा गया। यह देखा गया कि क्या दो या तीन बच्चियां एक साथ इस खिड़की के अंदर खड़ी हो सकती हैं? छानबीन के बाद सामने आया तकनीकी रूप से इस खिड़की से एक साथ 2 बच्चे कूद ही नहीं सकते हैं। इस फैक्ट के सामने आने के बाद चेतन कुमार से लंबी पूछताछ हुई। उन्होंने अपनी शादियों की जो कहानी पुलिस के सामने रखी, उसकी कड़ियां आपस में जुड़ती नहीं दिखीं। सामने आया कि बच्चा नहीं होने से दूसरी शादी की कहानी के सारे फैक्ट सही नहीं हैं। अब इसकी छानबीन पुलिस कर रही है। बता दें कि 3 फरवरी की रात 2 बजे भारत सिटी सोसाइटी के टावर बी-1 की 9वीं मंजिल से 3 लड़कियों की नीचे गिरने से मौत हो गई। कमरे से मिली पॉकेट डायरी के 8 पन्नों से सामने आया कि लड़कियां कोरियन कल्चर को पसंद कर रही थीं। उनके मोबाइल छीन लिए गए थे, इससे वो परेशान थीं। 4 दिन की पुलिस जांच में क्या नए फैक्ट सामने आए? ये इस रिपोर्ट में पढ़िए…
बच्चा नहीं होने पर 2013 में हीना से शादी, तो निशिका 16 साल की कैसे
भारत सिटी सोसाइटी कैंपस में लगे CCTV में रात 2.03 बजे चेतन, उनकी पत्नियां सुजाता, हीना और साली टीना नीचे जाते हुए दिखे हैं। पुलिस 3 फरवरी की रात में चेतन और उनके परिवार की लोकेशन को भी समझती रही। जैसे- कौन किस कमरे में सोया हुआ था। 3 कमरों के फ्लैट में चेतन अपनी 2 पत्नियों और साली के साथ सो रहे थे। साथ में उनका बेटा और सबसे छोटी बेटी देबू भी थी। पुलिस समझने की कोशिश करती रही कि कैसे उन्हें बगल के कमरे में बच्चियों की इस हरकत का पता नहीं चला। चेतन कुमार ने जो बयान पुलिस को दिए, उसके मुताबिक वो दिल्ली के खजूरी इलाके का रहने वाले हैं। 2006 में सुजाता से उसकी शादी हुई थी। दरअसल, चेतन के पिता और सुजाता के पिता टैक्सी चलाते थे, इसलिए उनका परिचय था। कुछ महीने बाद ही चेतन परिवार से अलग होकर गाजियाबाद में शिफ्ट हो गए थे। उन्होंने बताया, 2009 तक जब उन्हें बच्चा नहीं हुआ, तब अपनी सुजाता की सहमति से उन्होंने उनकी बहन यानी अपनी साली हीना से दूसरी शादी कर ली थी। क्या टीना हकीकत में चेतन की रिश्ते की साली है, इसका ठीक-ठीक जवाब चेतन नहीं दे सके, उन्होंने पहले बताया कि छोटी बेटी देबू हिना से हुई थी। जबकि बाद में सामने आया कि टीना से उन्होंने कोर्ट मैरिज की है, देबू टीना से उनकी औलाद है। चेतन ने कहा- 10 लाख ट्रेडिंग में नुकसान, 10 लाख का कर्जा
छानबीन में ये भी सामने आया कि चेतन कुमार 4 भाई हैं, 2 भाई शालीमार सिटी और एक दिल्ली में परिवार के साथ रहते हैं। माता-पिता की मौत हो चुकी है। दिल्ली के खजूरी में पिता के नाम पर 700 और 70 गज के दो प्लॉट हैं। इस डिटेल के सामने आने के बाद पुलिस ने चेतन से शेयर ट्रेडिंग में हुए 2 करोड़ रुपए के घाटे पर सवाल पूछे। चेतन ने पुलिस को बताया कि शेयर ट्रेडिंग में हुए नुकसान की वजह से 10 लाख रुपए का कर्ज हुआ, बाकी 10 लाख रुपए घर की जरूरतों के लिए उधार लिए थे। छोटी बहन के जरिए होती थी कोरियन दोस्तों से बात
सुसाइड वाले कमरे पर मिले 8 पेज के सुसाइड नोट में लिखा है कि सभी बहनें अपनी सबसे छोटी बहन के जरिए कोरियन दोस्तों से बात करती थीं। अभी तक ये सामने नहीं आया कि तीनों बहनों ने किस तरह के कोरियन दोस्त बनाए थे। किस सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म की मदद से बातचीत हो रही थी। निशिका (16), प्राची (14) और पाखी (12) के पास जो मोबाइल थे, वो चेतन छीनकर बेच चुके हैं। एक मोबाइल निशिका के पास था, दूसरा प्राची यूज करती थी। एक मोबाइल 3 महीने पहले बेचा गया, जबकि दूसरा मोबाइल 10 दिन पहले बेचा गया था। मां के मोबाइल में कोई कोरियन डेटा नहीं मिला
इसके बाद तीनों बच्चियों के पास उनकी मां सुजाता का मोबाइल था। यही मोबाइल सुसाइड वाले कमरे से मिला था। पुलिस को इस मोबाइल की जांच में कोई कोरियन ऐप या गेम नहीं मिला है। इस फोन की मदद से ऑनलाइन कोरियन प्लेटफार्म से कोई जुड़ाव भी नहीं मिला है। अब पुलिस IMEI नंबर की मदद से इन मोबाइल को ट्रेस कर रही है, ताकि इनके पूरे डेटा को रिकवर करके कोरियर टच का पता किया जा सके। अधिकारियों का कहना है कि बेचे गए दोनों मोबाइल फोन का IMEI नंबर सर्विलांस टीम ट्रेस कर रही है। ये फोन मिलते ही मोबाइल फोन को फॉरेंसिक जांच के लिए लैब भेजा जाएगा।
टूट गई थीं सभी पसलियां, अंदरूनी अंग फटे
तीनों बहनें करीब 80 फीट की ऊंचाई से नीचे गिरीं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार, इतनी ऊंचाई से गिरने के कारण उनकी सभी पसलियां टूट गई थीं। साथ ही दिल, लिवर, फेफड़े, गुर्दे सहित सभी अंदरूनी अंग फट गए थे। पोस्टमार्टम करने वाले एक डॉक्टर ने कहा कि इतनी ऊंचाई से गिरकर घायल व्यक्ति के बचने की संभावना सिर्फ 50% होती है। किसी भी लड़की के शरीर पर पुराना या चोट वाला कोई निशान नहीं मिला है। बड़ी बहन निशिका ने गिरने से 2 घंटे पहले सिर्फ 50 ग्राम खाना था। इससे स्पष्ट था कि उसने लंच के बाद कुछ नहीं खाया था। प्राची और पाखी के पेट में 250 से 300 ग्राम खाना मिला था। इससे पता चला कि दोनों ने रात में खाना खाया था। पोस्टमार्टम टीम के सदस्य डॉ. अनिल विश्नोई, पोस्टमार्टम डॉ. नीरा और मोहित क्रिश्चियन मेडिकल कॉलेज के थे। वहीं, दूसरी ओर विशेषज्ञ डॉ. संजीव ने कहा कि तीनों बहनों के लड़कियों के शरीर के अंग क्षत-विक्षत होने से अधिक मात्रा में खून से मौत हो गई। इस कारण हेमरेज होने से तीनों बहनों की मौत हो गई। सुसाइड नोट में डायरी का 1 पन्ना और दीवारों पर कुछ लिखकर बार-बार काटा गया था। उसकी तस्वीरें देखिए… DCP ने कहा- हम मोबाइल रिकवर कर रहे
DCP ट्रांस हिंडन निमिष पाटील ने कहा- टीम कई बिंदुओं पर जांच कर रही है। जो भी बिंदु सामने आ रहे हैं, उन्हें जांच में शामिल किया जा रहा है। घर के अंदर क्राइम सीन को रिक्रिएट किया गया था, उसके भी कुछ फैक्ट सामने आए हैं। जिन मोबाइल को चेतन ने बेचा है, उन्हें रिकवर किया जा रहा है, ताकि डेटा रिकवर करके सभी तस्वीर सामने लाई जा सके।
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