बागपत की बड़ौत तहसील में नायब तहसीलदार के एक निजी पेशगार को मेरठ यूनिट की एंटी करप्शन टीम ने 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। पुलिस उसे तहसील से सीधे कोतवाली ले गई, जहां उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। गिरफ्तारी के बाद अभियुक्त को डॉक्टरी परीक्षण के लिए ले जाया गया। यह कार्रवाई उस समय हुई जब पेशगार एक किसान से जमीन के दाखिल-खारिज (म्यूटेशन) के नाम पर लगातार रिश्वत की मांग कर रहा था। इस गिरफ्तारी से तहसील परिसर में हड़कंप मच गया। शिकायतकर्ता किसान सोनू सोलंकी ने बताया कि वह जीवाना गुलयान गांव के निवासी हैं। उन्होंने तीन साल पहले 22 लाख रुपये में तीन बीघा जमीन खरीदी थी। जमीन के दाखिल-खारिज के लिए उनसे रिश्वत मांगी जा रही थी। नायब तहसीलदार के पेशगार प्रमोद कुमार, जो बागपत के सबगा गांव का रहने वाला है, ने सोनू सोलंकी से रिश्वत की मांग की थी। एंटी करप्शन टीम ने उसे रंगे हाथों पकड़ा। फिलहाल, पुलिस पूरे मामले की गहन छानबीन में जुटी है।
https://ift.tt/4ySFlv3
🔗 Source:
Visit Original Article
📰 Curated by:
DNI News Live

Leave a Reply