किउल-जसीडीह रेलखंड पर टेलवा बाजार रेलवे हाल्ट के समीप बडुआ नदी पर बने रेलवे पुल के पास सीमेंट लदी मालगाड़ी दुर्घटना मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। जांच में पता चला है कि यह आपराधिक साजिश का नतीजा था। असामाजिक तत्वों का टारगेट पंजाब मेल थी। हालांकि रेलवे के अधिकारी इस मामले में कुछ बताने से बच रहे हैं। 27 दिसंबर की रात 11 बजकर 10 मिनट पर मालगाड़ी दुर्घनाग्रस्त हुई थी। इसके 17 वैगन डिरेल हो गए थे। इनमें आठ पुल के नीचे गिर गए थे। पंजाब मेल उसी पटरी पर रात 12 बजे आने वाली थी। रेलवे के सूत्रों ने बताया है कि दुर्घटनाग्रस्त मालगाड़ी के चालक कमलेश कुमार ने जांच टीम को बताया है कि जब मालगाड़ी का इंजन टेलवा बाजार हॉल्ट के पास पुल को पार कर रहा था, तभी दो संदिग्ध युवक ट्रैक के पास खड़े दिखाई दिए। ड्राइवर को पहले लगा कि दोनों गैंग मैन हैं। लेकिन इंजन गुजरते ही दोनों युवक मौके से फरार हो गए, लेकिन बाद में पीछे मुड़कर मालगाड़ी की बोगी को पटरी से उतरते हुए देखते रहे। आशंका है कि इस साजिश में कम से कम तीन से चार असामाजिक तत्व शामिल थे। सूत्र बताते हैं कि घटना के समय उनका मोबाइल लोकेशन घटनास्थल के आसपास मिला है। जिसके आधार पर पूरे मामले की जांच की जा रही है। असामाजिक तत्वों ने टेलवा बाजार हॉल्ट के पास अप लाइन पर रेल पटरी को जोड़ने वाले स्थान को निशाना बनाया। जांच के दौरान घटनास्थल से जांच टीम को फिश प्लेट के टूटे टुकड़े, खुले हुए नट-बोल्ट और पटरी से छेड़छाड़ के स्पष्ट निशान मिले हैं। इससे साजिश की आशंका गहरी हो रही है। सिमुलतला के स्टेशन प्रबंधक अखिलेश कुमार ने बताया कि पश्चिम बंगाल से आई विशेष जांच टीम हर पहलू की जांच कर रही है। इस मामले में वरीय पदाधिकारी ही कुछ बता सकते हैं।
https://ift.tt/jAFd53s
🔗 Source:
Visit Original Article
📰 Curated by:
DNI News Live

Leave a Reply