लखनऊ में क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी कार्यालय द्वारा विशाखा गाइडलाइन के तहत आंतरिक शिकायत समिति (ICC) का गठन किया गया है। महिला कल्याण विभाग, उत्तर प्रदेश शासन और जिलाधिकारी के निर्देश पर गठित इस समिति में महिलाओं की सुरक्षा और शिकायतों के निस्तारण को प्राथमिकता दी जाएगी।
विशाखा गाइडलाइन के तहत समिति का गठन
क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी, सेक्टर-एम, आशियाना स्थित कार्यालय से जारी आदेश के अनुसार वर्ष 2025-26 के लिए विशाखा गाइडलाइन के अनुरूप आंतरिक परिवाद समिति का गठन किया गया है। यह समिति कार्यस्थल पर महिलाओं के यौन उत्पीड़न से संबंधित शिकायतों की सुनवाई और निस्तारण का कार्य करेगी।
महिलाओं की सुरक्षा और अधिकारों पर रहेगा फोकस
सुमेधा (नीलू त्रिवेदी) ने बताया कि वह स्त्री वेलफेयर फाउंडेशन की फाउंडर हैं और वर्ष 2019 से महिला स्वास्थ्य, शिक्षा और अधिकारों के क्षेत्र में लगातार कार्य कर रही हैं। उनका मुख्य उद्देश्य कार्यस्थलों और शिक्षण संस्थानों में महिलाओं और छात्राओं की सुरक्षा, सम्मान और जागरूकता को बढ़ाना है।
उन्होंने कहा कि आज भी कई महिलाएं कार्यस्थल पर होने वाले उत्पीड़न के खिलाफ आवाज नहीं उठा पाती हैं। ऐसे में ICC की भूमिका बेहद अहम हो जाती है, जहां शिकायतों को न केवल गंभीरता से सुना जाता है बल्कि उनका निष्पक्ष समाधान भी किया जाता है।
प्रो. सुमन गुप्ता बनीं पीठासीन अधिकारी
समिति में प्रोफेसर सुमन गुप्ता (प्राचार्य, महाराजा बिजली पासी राजकीय महाविद्यालय, आशियाना) को अध्यक्ष/पीठासीन अधिकारी नियुक्त किया गया है। उनके नेतृत्व में समिति शिकायतों की सुनवाई करेगी और आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करेगी।
ये सदस्य भी शामिल
समिति में सदस्य के रूप में भास्कर दत्त पांडे (कार्यालय अधीक्षक), अरुण कुमार मिश्रा (कनिष्ठ सहायक) और नीलू त्रिवेदी (संस्थापक, स्त्री वेलफेयर फाउंडेशन) को नामित किया गया है।
इन सभी सदस्यों की जिम्मेदारी होगी कि कार्यस्थल पर महिलाओं और छात्राओं से जुड़ी शिकायतों को गंभीरता से लिया जाए और निष्पक्ष जांच कर समाधान कराया जाए।
गोपनीयता के साथ होगा शिकायतों का निस्तारण
आदेश में स्पष्ट किया गया है कि समिति महिलाओं की शिकायतों को पूरी गोपनीयता के साथ सुनेगी और नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करेगी। यह कदम कार्यस्थलों और शिक्षण संस्थानों में सुरक्षित और सम्मानजनक वातावरण बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
संपर्क कर सकती हैं पीड़ित महिलाएं
नामित सदस्य सुमेधा (नीलू त्रिवेदी) ने अपने संपर्क विवरण भी साझा किए हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर महिलाएं सीधे उनसे जुड़ सकें। उन्होंने कहा कि हर महिला को सुरक्षित और सम्मानजनक कार्यस्थल मिलना उसका अधिकार है, और इस दिशा में हर संभव मदद की जाएगी।
संपर्क:
नाम: सुमेधा (नीलू त्रिवेदी)
पद: नामित सदस्य (विशाखा गाइडलाइन)
मोबाइल: 7318501516
ईमेल: streewelfarefoundation@gmail.com
यह पहल न केवल महिलाओं की सुरक्षा को सुनिश्चित करने की दिशा में एक मजबूत कदम है, बल्कि समाज में जागरूकता और विश्वास बढ़ाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण साबित हो सकती है।

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