प्रयागराज में सरकारी नौकरी की आस लगाए लाखों बेरोजगार युवाओं को ठगने की बड़ी साजिश का खुलासा हुआ है। ठगों ने यूपीटीईटी के नाम से फर्जी वेबसाइट बना डाली। इस वेबसाइट पर शिक्षा सेवा चयन आयोग की ओर से जारी असली नोटिफिकेशन तो पोस्ट किया ही, साथ ही एसबीआई, आईसीआईसीआई बैंक पेमेंट गेटवे व हेल्पडेस्क का लिंक भी डाल दिया। इस मामले में आयोग के उपसचिव की ओर से कर्नलगंज थाने में एफआईआर दर्ज करा दी गई है। आवेदन से संबंधित सभी विकल्प भी डिस्प्ले किया
उपसचिव संजय कुमार सिंह की ओर से पुलिस को बताया गया, आयोग की ओर से उप्र शिक्षक पात्रता परीक्षा 2026 का विज्ञापन जारी करते हुए इसे अधिकारिक वेबसाइट https://ift.tt/B6sX2Fo पर जारी/अपलोड किया गया है। इसमें आवेदन 27 मार्च, 2026 से प्रारम्भ होने की बात कही गई है।
किसी व्यक्ति ने उप्र शिक्षक पात्रता परीक्षा 2026 के सम्बन्ध में एक फर्जी वेबसाइट https://uptet2026.in/ बनाई है। इस पर एक व्हाट्सएप ग्रुप से जुडने का विकल्प भी दिया जा रहा है। इसके साथ ही आयोग की अधिकारिक वेबसाइट की तरह ही उप्र शिक्षक पात्रता परीक्षा 2026 की आवेदन प्रक्रिया से सम्बन्धित सभी विकल्प भी प्रदर्शित किए जा रहे हैं।
उपसचिव का कहना है कि यह कृत्य न केवल आयोग की साख को नुकसान पहुंचा सकता है बल्कि आम जनता/अभ्यर्थियों को आर्थिक एवं मानसिक हानि भी पहुंचा सकता है। तहरीर मिलने के बाद कर्नलगंज पुलिस ने इस मामले में अज्ञात में मुकदमा दर्ज कर लिया। क्या है फर्जी वेबसाइट में
फर्जी वेबसाइट https://uptet2026.in के बारे में सनसनीखेज जानकारी सामने आई है। इस वेबसाइट को खोलने पर सबसे पहले होमपेज पर सबसे ऊपर बांई ओर टॉप पर UP.TET लिखा हुआ नजर आता है। दाहिनी ओर ऊपर की तरफ ही होम और इसके ठीक बगल ऑरेंज कलर के बैकग्राउंड में JOIN NOW का ऑप्शन दिखाई देता है। इसके बाद बैंगनी कलर के इंटरफेज पर सबसे ऊपर UP TET 2026 Notification, Form Date, Apply Link लिखा नजर आता है। इसमें Notification, Form Date, Exam Date, Apply Link के ऑप्शन मिलते हैं। सबसे बड़ी बात यह है कि आयोग की वेबसाइट की तरह ही इन विकल्पों पर क्लिक करने पर ऑफिशयल नोटिफकेशन, डेट और आवेदन करने का लिंक भी सामने आ जाता है। इसमें न्यू कैंडिडेट और एग्जिस्टेट कैंडिडेट(लॉगिन क्रिएट कर चुके अभ्यर्थियों) का लॉगिन ऑप्शन भी दिया गया है जैसा कि आधिकारिक वेबसाइटों पर भी होता है। इसके बाद FAQ(Frequently Asked Questions) के साथ ही SBI epay और ICICI Bank payment helpdesk के नाम से कई मोबाइल नंबर भी दिए गए हैं। दोपहर तक बंद नहीं कराई जा सकी थी वेबसाइट
इस मामले में एफआईआर मंगलवार रात 11:25 मिनट पर दर्ज की गई। हालांकि दोपहर 12:15 बजे तक यह वेबसाइट बंद नहीं कराई जा सकी थी। इस मामले में एसीपी कर्नलगंज विमल किशोर मिश्र ने बताया कि साइबर सेल को रिपोर्ट भेजी गई थी। वेबसाइट को तत्काल बंद कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

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