महोबा नगर पालिका की बैठक में पार्किंग ठेके की बोली के दौरान दो सभासद आपस में भिड़ गए। पालिकाध्यक्ष और अधिशासी अधिकारी की मौजूदगी में हुई इस झड़प का वीडियो सामने आया। हंगामे के बावजूद, ठेका प्रक्रिया 32 लाख 77 हजार रुपए में संपन्न हुई। यह घटना मंगलवार को महोबा नगर पालिका परिषद के सभागार में हुई। शहर के प्रमुख पार्किंग स्थलों के लिए खुली बोली लगाई जा रही थी। इस प्रक्रिया की अध्यक्षता पालिकाध्यक्ष संतोष चौरसिया और अधिशासी अधिकारी अवधेश कुमार कर रहे थे। विवाद तब शुरू हुआ जब एक वार्ड के सभासद ने बोली प्रक्रिया में देरी पर सवाल उठाया। इसे तेजी से पूरा करने को कहा। इस पर दूसरे वार्ड के सभासद नाराज हो गए। जिसके बाद दोनों के बीच तीखी बहस हुई। आरोप है कि इस दौरान सभासदों ने एक-दूसरे के साथ गाली-गलौज भी की। लगभग 20 मिनट तक सभागार में अफरा-तफरी का माहौल रहा। वहां मौजूद अन्य सभासदों और अधिकारियों ने हस्तक्षेप कर स्थिति को शांत करने का प्रयास किया। काफी मशक्कत के बाद हंगामा शांत हुआ और ठेका प्रक्रिया आगे बढ़ सकी। पालिकाध्यक्ष संतोष चौरसिया ने बताया कि शहर के चार प्रमुख स्थानों- परमानंद तिराहा, नवीन व पुराना प्राइवेट स्टैंड और हमीरपुर चुंगी के लिए कुल 32 लाख 77 हजार रुपए की अंतिम बोली लगाई गई। पालिका प्रशासन ने ठेकेदार को चेतावनी दी है कि यदि वह निर्धारित पार्किंग स्थल के बाहर अवैध वसूली करता पाया गया, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने इस विवाद को ‘मामूली नोकझोंक’ करार दिया है। हालांकि, सार्वजनिक रूप से हुए इस हंगामे और वायरल वीडियो ने नगर पालिका की कार्यप्रणाली और जनप्रतिनिधियों के आचरण पर सवाल खड़े किए हैं। स्थानीय प्रशासन अब इस मामले की जांच और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने की चुनौती का सामना कर रहा है।

Leave a Reply