फतेहपुर जिले की सदर विधानसभा सीट से समाजवादी पार्टी के विधायक चंद्र प्रकाश लोधी ने अपने 4 साल के कार्यकाल को लेकर बड़ा दावा किया है। उन्होंने कहा कि विपक्ष में होने के बावजूद उन्होंने सड़कों, मंदिरों के सुंदरीकरण और जनहित के कई काम कराए। साथ ही सीवर लाइन, ट्रैफिक और एयरपोर्ट जैसे बड़े प्रोजेक्ट अब भी लंबित हैं। दैनिक भास्कर रिपोर्टर से खास बातचीत में विधायक ने बेबाकी से जवाब दिए। पढ़िए पूरा इंटरव्यू… सवाल: 4 साल के काम को देखते हुए अपने आप को 10 में कितने नंबर देंगे? जवाब: हम अपने आप को नंबर नहीं देंगे, यह काम जनता का है। लेकिन हम विपक्ष के विधायक हैं, सरकार में नहीं होने के बावजूद भी विकास कार्य कराए हैं। इसलिए अगर मुझे देना हो तो मैं अपने काम को 10 में 10 नंबर दूंगा। सवाल: 4 साल में सबसे बड़ा काम कौन सा किया गया है? जवाब: शहर के सिद्धपीठ तामेश्वर मंदिर का भव्य प्रवेश द्वार बनवाया गया। इसके अलावा कालिकन देवी मंदिर और शीतला देवी मंदिर के सुंदरीकरण का कार्य प्रस्तावित है। थरियांव स्थित शीतकाल धाम में भी काम चल रहा है। करीब 90 गांवों में 145 सड़कों का निर्माण कराया गया, जिनमें से 15-20 सड़कें अभी प्रस्तावित हैं। शहर के प्रमुख स्थानों पर यात्री प्रतीक्षालय बनवाए गए। आजादी के बाद पहली बार डिगम्बरपुर, कुतुबापुर, बसोहनी नहर रोड और चकनथनपुर संपर्क मार्ग का निर्माण कराया गया, जिससे ग्रामीणों को जिला मुख्यालय आने में सुविधा मिली। गंभीर रूप से बीमार मरीजों को करीब 7 करोड़ रुपए की आर्थिक सहायता दिलाई गई, जिसमें अन्य विधानसभा क्षेत्रों के लोगों को भी लाभ मिला। सवाल: ऐसा कौन सा बड़ा काम है जो आप नहीं करा पाए, लेकिन करना चाहते हैं? जवाब: शहर की सबसे बड़ी समस्या सीवर लाइन की है। इसका करीब 300 करोड़ रुपए का प्रस्ताव पहले भेजा गया था, लेकिन पास नहीं हो सका। अब इसकी लागत बढ़कर करीब 900 करोड़ हो गई है और अभी तक काम शुरू नहीं हो पाया है। अगर सीवर लाइन बन जाए तो जलभराव की समस्या खत्म हो जाएगी। इसके अलावा ट्रैफिक व्यवस्था सुधारने के लिए प्रमुख चौराहों पर स्टैंड और सिग्नल लाइट लगाने की मांग की गई है। शहर के बाहर पड़ी जमीन पर कार्गो एयरपोर्ट बनने से व्यापार को बढ़ावा मिलेगा। रेलवे के 49 नंबर नाका गेट पर अंडरपास बन जाए तो लोगों को बड़ी राहत मिलेगी। महात्मा गांधी स्नातकोत्तर महाविद्यालय में बीएससी कक्षाएं शुरू कराने, नगर पालिका को विकास प्राधिकरण बनाने और जिले में राजकीय इंजीनियरिंग कॉलेज खोलने के लिए भी पत्र लिखा गया है। मेडिकल कॉलेज बनने के बावजूद डॉक्टरों और संसाधनों की कमी है, जिससे गंभीर मरीजों को अभी भी कानपुर रेफर करना पड़ता है। सवाल: क्या 2027 के विधानसभा चुनाव में फिर से टिकट के दावेदार हैं? जवाब: 2027 के चुनाव में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव का जो भी निर्देश होगा, उसी के अनुसार चुनाव लड़ा जाएगा। हालांकि, हम टिकट के दावेदार तो हैं ही। सवाल: क्या इस बार भी आपको टिकट मिलेगा? जवाब: मेरे विधानसभा क्षेत्र में हुए विकास कार्यों से जनता संतुष्ट है। मुझे अखिलेश यादव पर पूरा भरोसा है कि पार्टी मुझे दोबारा टिकट देगी।

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